वज़ीर : मोहरा (Wazir: Mohra)

370.00

  • By: अनिमेष अनंत (Animesh Anant)
  • ISBN: 9789376860395
  • Price: 370/-
  • Page: 302
  • Size: 6×9
  • Category: FICTION / General
  • Language: Hindi
  • Delivery Time: 07-09 Days

Description

About The Book

वह असाधारण थी।
जब भी पीसीओ पर आती, तो एक चुप्पी-सी छा जाती। वह जीवन से बहुत अधिक नहीं चाहती थी —बस सम्मान के साथ जीने का अधिकार। लेकिन फिर उसे समझ आता है कि कुछ लोगों के लिए यह भी एक विलासिता है। हर जीवन केवल उसका अपना नहीं होता; उसे समाज, सत्ता, भय, परिवार और परिस्थितियाँ मिलकर आकार देते हैं।
और फिर बिछी हुई बिसात पर एक ऐसी चाल चल दी जाती है जो सब कुछ बदल देती है।
‘वज़ीर – मोहरा’ केवल एक Crime Thriller या Political Thriller नहीं है। यह छोटे शहरों के सामाजिक यथार्थ, सत्ता और अपराध के गठजोड़, ज्ञान की शक्ति, मातृत्व, आत्मसम्मान और मानवीय चेतना के विकास की परतदार कहानी है।
यह वह संसार है जहाँ पुस्तकालयों की खामोशी, राजनीतिक षड्यंत्रों की गंध, स्मृतियों की ऊष्मा और प्रतिशोध की ठंडी आहट एक साथ मौजूद हैं। जहाँ करुणा और क्रूरता साथ-साथ चलती हैं, और जहाँ अच्छाई और बुराई की सीमाएँ उतनी स्पष्ट नहीं हैं जितनी पहली नज़र में दिखाई देती हैं।
हथेली पर उभरे तीन अर्धचंद्राकार निशान एक मासूमियत के अंत और एक ऐसी ताकत के उदय की गवाही हैं जिसे दुनिया ने बहुत देर तक कमज़ोर समझने की भूल की थी।
यह केवल अपराध की कहानी नहीं है।
यह उस क्षण की कहानी है जब डर अपना असर खो देता है।
जब अन्याय अपनी सीमा पार कर जाता है।
और जब किसी को यह समझ में आ जाता है कि दया और कमजोरी एक ही चीज़ नहीं होतीं।
विज्ञान, दर्शन, साहित्य और रणनीतिक सोच के अद्भुत संगम से रचा गया यह उपन्यास एक ऐसा Intellectual Thriller है, जहाँ सबसे बड़ा हथियार शक्ति नहीं, बल्कि ज्ञान है; और जहाँ सबसे घातक तैयारी अक्सर चुप्पी के भीतर जन्म लेती है।
यदि आपको Psychological Thriller, Mystery, Political Suspense, Social Drama, Female-Centric Fiction, Literary Fiction और धीरे-धीरे खुलने वाली बहुपरत कहानियाँ पसंद हैं, तो ‘वज़ीर – मोहरा’ आपको अंतिम पृष्ठ तक अपने साथ बाँधे रखेगा।

क्योंकि कभी-कभी सबसे महत्वपूर्ण प्रश्न यह नहीं होता कि वज़ीर कौन है—
प्रश्न यह होता है कि मोहरा किसे समझा गया था।

About The Author

अनिमेष अनंत स्वतंत्र लेखक और उपन्यासकार हैं। मानवीय मनोविज्ञान की परतों को खोलना, रहस्यों को बुनना और जटिल कथा-संरचना तैयार करना उनकी लेखनी की मुख्य विशेषता है। ‘वज़ीर: मोहरा’ से पूर्व उनकी बहुप्रशंसित कृति ‘संदेश: उपन्यास एवं कहानी संग्रह’ प्रकाशित हो चुकी है।

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