Jeevan Amrit Sanjeeveni: Bhaag-1

180.00

By: Surya kant “Prayagraj”

ISBN: 9789391219727

PRICE: 180

Category: JUVENILE NONFICTION / Poetry / General

Delivery Time: 7-9 Days

Description

About the author

मैं एक छोटे से गांव बीरापुर पोस्ट- कमला नगर, जिला – प्रयागराज में पैदा हुआ मेरे पिताजी का नाम श्री -हरिश्चन्द्र और माताजी का नाम श्रीमती- साध्वी देवी है बचपन में जब मैं अपने गांव से शहर में पिताजी के साथ जाता था, तो शहर की चकाचौंध भरी ज़िंदगी देख कर मुझे ऐसा महसूस होता था की काश मेरा घर भी शहर में होता और मैं भी शहर में रहता क्योंकि शहर में सुख सुविधा गांव की अपेक्षा ज़्यादा थी अब कैसे मुझे सारी सुख सुविधाएं मिले । कभी-कभी जीवन की गहराइयों में अकेले ज़मीन पर बैठकर सोचा करता था और सोचते सोचते ज़मीन पर ही सो जाता था और जब मैं सो कर उठता था तो जैसे मेरे अंतर्मन में कविता की लाइनों के द्वारा जैसे मुझसे कोई कुछ कह रहा था, फिर मैंने सोचा की भूलने से पहले इन लाइनों को किसी कागज पर लिखूं और मैं इसके बाद लिखना शुरु कर दिया । कभी-कभी किसी को कोई कविता सुना देता था तो लोग मेरी तारीफ करते थे तो मेरा उत्साह कविताओं को लेकर बढ़ने लगा और मेरे चहेते लोग मेरी कविताओं की किताब छपवाने के लिए मुझसे कहने लगे तो मेरे मन में भी एक छोटी सी किताब छपवाने की जिज्ञासा हुई, जो आप सबके सामने है और वे जो कविताएं मेरे अंतर्मन से निकलेंगी जल्द ही आप सबके पास पहुंचती रहेंगी धन्यवाद..

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